रंत रैबार ब्यूरो…..
देहरादून। पहाड़ मा ओवर लोडिंग सबसे घातक समस्या छा। पिछला एक साल का दौरान यातायात वाहनों का हादसों को सबसे बडु कारण ओवर लोडिंग हि समणि आये। यांका अलावा ओवर स्पीड व फिर शराब पेकि मोटर व्हीकल एक्ट तैं ठेंगा दिखौणी हिकमत कर्द लोग द्यखै जै सकद।
चकराता विकासनगर, चकराता त्यूनी रूट पर अक्सर मोटर गाड्यू का हादसा होणा रैंदन। यांक पिछनै बि ओवरलोडिंग कारण छौ। टैक्सी भितर जथगा लोग बैठ्यां छा बुधगै टैक्सी कि छत अर वींका पिछनै छत मा चढ़ने सीढ़ी पर लटक्यां छा। आखिर ड्राइवर वि कथगा संतुलन बणैकि चल्दो। एक मोड़ पर टैक्सी पल्टी भेकुंद सरकि गये। नतीजा क्य ह्वे यां को विवरण देणु बेकार छ। किलै कि पहाड़ मा सड़क दुर्घटना यानि सब कुछ खत्म। श्रीनगर क्षेत्र मा ओवर स्पीड, शराब पेकि ड्राइविंग अर ओवर लोडिंग का चल्द कथगै हादसा हवे चुकि ग्येनि। बिना हेलमेट का दुपहिया चलौण पर रोजाना करीब बीस
चालान कटे जांदन। बावजूद यांक लोग हेलमेट कि अनदेखी कैरी दुपहिया वाहन चलौणा छन। ग्रामीण क्षेत्र अर क्षेत्रीय उपनगरों वळि सड़क्यों पर परिवहन, राजस्व पुलिस अर नियमित पुलिस कि तैनाती नी
छ। यांको फैदा यखा वाहन संचालक उठौंदन।
यी वजै छ कि सड़क्यों मा ओवरलोडिंग का नजारा दयखणो मिल जांदन। नतीजा बि मिल्दन यूं सड़क्यों पर अकसर दुर्घटना
होणी रैंदन। यख मा वि ओवरलोडिंग अर ओवर स्पीड कि समस्या रैंद। यांको खामियाजा जनता तैं भुगतण पड़द। पहाड़ी क्षेत्रों बटी टैक्सी अर यूटिलिट्यों मा बखरों कि तरां भाँ लोग्वी हालत द्यखण लैक होंद। यांक अलावा पहाड़ी सड़क्यों कि खस्ता हालत का चल्द तेज स्पीड़ वाहनों कि सकुशल वापसी पर बि सवालिया निशान लग्यां रैंदन। अति विश्वास बि पहाड़ों मा सड़क हादसों को कारण बण्द। सर्पाकार सड़क्यों घूम यिथगा खतरनाक होंदन कि एक सेकेंड कि बि लापरवै वाहन तैं सैकड़ों
फीट गैरी ढंगार मा समाणी काफि छ। यो हि न हर मोड़ पर सांकेतिक बोर्ड लग्यां रैंदन दगड़ि ल्यख्यूं मिल्द कि अगनै घूम छ हार्न बजैकि चलन। पर की ड्राइवर यीं चेतावनी पर ध्यान नि देंदो। पहाड़ मा
हादसों कि एक वजै वख चल्न वळा वाहन टैक्सी हि छन। चूंकि यूं सड़क्यों पर न रोडवेज कि बस चल्दी अर न प्राइवेट बसों को नियमित संचालन होंदो।यीं वजै जनता तैं जोबि टैक्सी मिल्द वो वींमा हि वैटी निंकळ्नो उतावळा रैंद। ड्राइवर कि बि मजबूरी लोगु तैं रस्ता मा छोड़ नि सकदो। यांमा वेको आर्थिक पक्ष वि शामिल होंद। ये वास्ता वो वि टैक्सी य यूटिलिटी मा छक कै सवारी लाद लेंद। वो गंतव्य तक से सलामत पौंछला बि कि न सब कुछ भगवान भरोसा छ।
